
ऊना, 15 अगस्त 2026। भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर ऊना देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। राजकीय बाल वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ऊना के प्रांगण में आयोजित जिला स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में आयुष, युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री यादविन्द्र गोमा ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और मार्च पास्ट की सलामी ली।इस अवसर पर उन्होंने जिलावासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं तथा स्वतंत्रता सेनानियों, वीर शहीदों और देश की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। समारोह में विभिन्न विभागों की विकासात्मक योजनाओं एवं उपलब्धियों पर आधारित झांकियां प्रस्तुत की गईं। देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने माहौल को राष्ट्रप्रेम से भर दिया।इससे पहले मंत्री ने एमसी पार्क स्थित शहीद स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित कर वीर बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी।स्वतंत्रता सेनानियों और वीर जवानों का राष्ट्र सदैव ऋणीसमारोह को संबोधित करते हुए यादविन्द्र गोमा ने कहा कि देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले स्वतंत्रता सेनानियों और राष्ट्र रक्षा में जीवन लगाने वाले वीर जवानों का राष्ट्र सदैव ऋणी रहेगा। हिमाचल के वीर सपूतों ने स्वतंत्रता आंदोलन से लेकर देश की सीमाओं की सुरक्षा तक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार स्वतंत्रता सेनानियों, उनके आश्रितों, सैनिकों, पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।खेल प्रतिभाओं को बढ़ावायुवा सेवाएं एवं खेल मंत्री ने कहा कि प्रदेश के युवाओं को खेलों की ओर आकर्षित करने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल का नाम रोशन करने के लिए खेल प्रतिभाओं को हरसंभव प्रोत्साहन दिया जा रहा है। ओलंपिक, शीतकालीन ओलंपिक और पैरालंपिक में स्वर्ण पदक विजेताओं की पुरस्कार राशि 3 करोड़ से बढ़ाकर 5 करोड़ रुपये की गई है। रजत पदक विजेताओं को 3 करोड़ और कांस्य पदक विजेताओं को 2 करोड़ रुपये दिए जा रहे हैं।स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने पर जोरगोमा ने कहा कि सरकार आयुष चिकित्सा पद्धति को बढ़ावा देने के साथ आधुनिक चिकित्सा सेवाओं को भी मजबूत कर रही है। प्रदेश में पहली बार रोबोटिक सर्जरी की सुविधा शुरू की गई है। आईजीएमसी शिमला, टांडा, नेरचैक मेडिकल कॉलेज और चमियाणा अस्पताल में यह सुविधा उपलब्ध है, जबकि हमीरपुर मेडिकल कॉलेज में भी जल्द इसे शुरू किया जाएगा।उन्होंने कहा कि आधुनिक चिकित्सा उपकरणों और स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करने पर करीब 3 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।किसान और ग्रामीण अर्थव्यवस्था सरकार की प्राथमिकतामंत्री ने कहा कि सरकार किसानों, बागवानों, पशुपालकों, युवाओं, अनाथ बच्चों, विधवा महिलाओं और एकल महिलाओं सहित समाज के सभी वर्गों के कल्याण के लिए कार्य कर रही है। गाय के दूध का खरीद मूल्य 61 रुपये और भैंस के दूध का खरीद मूल्य 71 रुपये प्रति लीटर किया गया है।प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए राजीव गांधी प्राकृतिक खेती स्टार्ट-अप योजना शुरू की गई है। प्राकृतिक खेती से उत्पादित गेहूं का समर्थन मूल्य 80 रुपये, मक्की का 50 रुपये, कच्ची हल्दी का 150 रुपये और पांगी घाटी के जौ का 80 रुपये प्रति किलोग्राम निर्धारित किया गया है। अदरक के लिए भी 30 रुपये प्रति किलोग्राम समर्थन मूल्य घोषित किया गया है।शिक्षा में सुधार, युवाओं के लिए नए अवसरउन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश शत-प्रतिशत साक्षरता हासिल कर देश के सामने मिसाल कायम कर चुका है। सरकारी स्कूलों में पहली कक्षा से अंग्रेजी माध्यम में पढ़ाई शुरू की गई है। डॉ. वाई.एस. परमार विद्यार्थी ऋण योजना के तहत उच्च शिक्षा के लिए एक प्रतिशत ब्याज दर पर 20 लाख रुपये तक के ऋण का प्रावधान किया गया है।सरकारी स्कूलों में चरणबद्ध तरीके से सीबीएसई पैटर्न लागू किया जा रहा है। प्रदेश के करीब 150 वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सीबीएसई पैटर्न पर संचालित किए जा रहे हैं, जिनमें ऊना जिले के 8 विद्यालय शामिल हैं।सामाजिक सुरक्षा और सुख-आश्रय योजनागोमा ने कहा कि ऊना जिला में 70,440 पात्र लाभार्थियों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन प्रदान की जा रही है, जिस पर इस वर्ष 110 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जा रहे हैं।मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना के तहत ऊना जिला में 471 बच्चों को कवर करते हुए करीब 5 करोड़ रुपये की सहायता दी गई है। इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना के तहत भी लगभग 2,200 बच्चों को 2 करोड़ 61 लाख रुपये की सहायता प्रदान की जा चुकी है।राजस्व लोक अदालतों से पुराने मामलों का निपटाराउन्होंने कहा कि प्रदेश में विशेष राजस्व लोक अदालतों के माध्यम से वर्षों से लंबित मामलों का समाधान किया गया है। अब तक इंतकाल के 5 लाख 44 हजार, तकसीम के 36,870, निशानदेही के 63 हजार और दुरुस्ती के 19,890 मामलों का निपटारा किया जा चुका है।उन्होंने कहा कि ‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम के माध्यम से मुख्यमंत्री और मंत्री गांव-गांव जाकर लोगों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याओं का समाधान कर रहे हैं।पर्यटन और हरित ऊर्जा को बढ़ावामंत्री ने कहा कि प्रदेश में पर्यटन को रोजगार और आर्थिक गतिविधियों का प्रमुख माध्यम बनाया जा रहा है। कांगड़ा को हिमाचल की पर्यटन राजधानी के रूप में विकसित किया जा रहा है। देहरा के बनखंडी में 619 करोड़ रुपये की लागत से जूलॉजिकल पार्क का निर्माण किया जा रहा है।हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए पेखूबेला, भंजाल और अघलौर सौर ऊर्जा परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। ई-मोबिलिटी को बढ़ावा देते हुए हिमाचल पथ परिवहन निगम के बेड़े में 297 नई ई-बसें शामिल की गई हैं।विकास की नई ऊंचाइयों की ओर ऊनायादविन्द्र गोमा ने कहा कि ऊना जिला विकास की नई ऊंचाइयों की ओर तेजी से बढ़ रहा है। सरकार ऊना को सौर ऊर्जा कैपिटल के रूप में विकसित करने पर विशेष ध्यान दे रही है। पेखूबेला की 32 मेगावाट सौर ऊर्जा परियोजना चालू हो चुकी है, जबकि अघलौर और भंजाल परियोजनाएं भी तैयार हैं।उन्होंने कहा कि ऊना में 308 औद्योगिक इकाइयां संचालित हैं, जिनमें करीब 9 हजार लोगों को रोजगार मिला है। हरोली में करीब 2 हजार करोड़ रुपये की लागत से विकसित किया जा रहा बल्क ड्रग पार्क औद्योगिक और रोजगार क्षेत्र में महत्वपूर्ण बदलाव लाएगा।मलाहत में पीजीआई सैटेलाइट सेंटर का निर्माण तेजी से प्रगति पर है। क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में पीजीआई के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा ओपीडी सेवाएं दी जा रही हैं। करीब 900 करोड़ रुपये की मंदली-लठियाणी पुल एवं सड़क परियोजना का कार्य भी शुरू हो चुका है।नशा मुक्त हिमाचल का संकल्पमंत्री ने कहा कि युवाओं को नशे से दूर रखना सरकार की प्राथमिकता है। प्रदेशवासियों के सहयोग से ‘चिट्टा-मुक्त हिमाचल अभियान’ चलाया जा रहा है, जिसका दूसरा चरण 7 सितंबर 2026 को ऊना से शुरू किया जाएगा।उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था को मजबूत करने के साथ अवैध खनन और भ्रष्टाचार के विरुद्ध भी प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। इस अवसर पर उन्होंने उपस्थित लोगों को नशा मुक्त हिमाचल अभियान में सहभागिता की शपथ भी दिलाई।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार आत्मनिर्भर एवं समृद्ध हिमाचल के निर्माण के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है। विकास की इस यात्रा में ऊना जिला की भूमिका महत्वपूर्ण है।सराहनीय सेवाओं के लिए सम्मानसमारोह के दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों, मानव सेवा और अन्य क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली विभूतियों, सामाजिक संस्थाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं तथा खेल जगत से जुड़ी प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया।ये रहे मौजूदइस अवसर पर ऊना के विधायक सतपाल सिंह सत्ती, चिंतपूर्णी के विधायक सुदर्शन सिंह बबलू, ऊना के पूर्व विधायक सतपाल रायजादा, जिला कांग्रेस अध्यक्ष देशराज गौतम, जिला महिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमन ठाकुर, एपीएमसी ऊना अध्यक्ष शिव कुमार सैनी, राज्य परिवहन प्राधिकरण सदस्य अशोक ठाकुर, कामरेड जगत राम शर्मा, उपायुक्त ऊना जतिन लाल, पुलिस अधीक्षक ऊना सचिन हिरेमठ, अतिरिक्त उपायुक्त इशांत जसवाल, नगर निगम ऊना के आयुक्त पृथ्वीपाल सिंह, एसडीएम ऊना अभिषेक मित्तल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

